इस बार भी जवानों संग मनायेगें पीएम दीवाली

दीवाली पर्व की खुमारी मे समूचा देश डूबा हुआ है। जो लोग अपने घरों से दूर है वो इस पर्व को मनाने के लिये घर की तरफ रूख कर रहे है। लेकिन हर बार की तरह इस बार भी पीएम मोदी देश की सीमाओं की रक्षा करने वाले हमारे जवानो के साथ दिवाली मनने की तैयारी कर चुके है. लेकिन पीएम हर बार जवानो के साथ क्यों दीवाली मनाने है क्या आप ने कभी ऐसा सोचा है?

चलिये हम बताते है पीएम इस बाबत साफ कर चुके है कि देश का हर परिवार उनका परिवार है और सवा सौ करोड भारतीय उनके परिवार के सदस्य है। ऐसे मे अपने परिवार के सबसे खास सदस्य यानी देश के सिपाहियों के साथ दीवाली मनाने का जो आनंद होता है उसका क्या कहना, तभी तो वो हर बार आर्मी के जवानो के बीच दीवाली के मौके पर पहुंच जाते है।

पीएम मोदी ने साल 2014 मे सियाचिन मे तैनात भारतीय जवानो के साथ दीवाली मनाई थी। वैसे ही साल 2015 मे वो भारत पाकिस्तान सीमा से सटे डोगराई वार मेमोरियल गये थे, जहां उन्होने दीवाली पर्व की ख़ुशी जवानो के साथ साझा की थी। साल 2016मे वे चीन सीमा से सटे हिमाचल प्रदेश मे में आईटीबीपी जवानों के साथदिवाली मनाई।साल 2017 मे पीएम मोदी एक बार फिर दीवाली मनाने जवानो के पास पहुंच गये औरजम्मू कश्मीर के गुरेज सेक्टर में सेना के जवानों के साथ त्योहार मनायाI इस बार पीएम उतराखंड मे केदारनाथ भगवान के दर्शन के बाद जवानों सग दीवाली मनाने जा रहे है।

इससे पता चलता है कि पीएम मोदी किस तरह से आम आदमीहो या देश की रक्षा कर रहे सीमाओं मे तैनात जवानों की भावनओं को किस तरह समझते है। तभी तो वो हर उस मौके पर उन लोगों के पास होते है जिनको पीएम की जरूरत होती है हालाकि कुछ लोग इसके पीछे भी सियासत खोजते है और इसे पीएम की नौटंकी बताते है।

लेकिन सच ये है जो लोग देश की जनता के साथ 65 साल से सिर्फ नौटंकी करते आये है उन्हे ये एक ड्रामा ही लगेगा क्योंकि वो सच को स्वीकार नही कर सकते है।