इसे कहते है एक तीर से दो शिकार

पीएम मोदी ने राज्यसभा में राष्ट्रपति के अभिभाषण पर बोलते हुए आज एक बात बहुत सटीक बोली। उन्होने देश को उन लोगों से सावधान रहने को बोला जो हर बात में अड़ंगा लगाते हैं। पीएम मोदी ने ऐसी जमात को नया नाम आंदोलन-जीवी देते हुए उनसे सावधान रहने की बात बोली।

आंदोलन-जीवी जमात से रहें सावधान

जैसा सभी जानते है कि पीएम मोदी मौके पे चौका नही बल्कि छक्का लगाते हैं और आज राज्यसभा में वही मौका था जब पीएम मोदी ने विपक्ष के साथ साथ उन लोगों को भी घेरा जो हर बात पर बस सरकार के विरोध में कूद जाते है। पीएम मोदी ने बोला कि आपने बुद्धिजीवी शब्द सुना होगा लेकिन आजकल एक नया शब्द सामने आया है और वो है आंदोलन-जीवी जो कोई भी आंदोलन हो। हर आंदोलन में पहुंचकर सरकार के खिलाफ में खड़े रहते है। मसला कोई भी हो ये लोग सिर्फ देश का माहौल खराब करने के लिये ऐसा करते हुए दिखाई देते है। देश को ऐसे आंदोलनजीवी परजीवियों से सावधान रहना चाहिये क्योकि ये देश के नासूर है जो देश को बर्बाद करने में लगे हुए है।

विपक्ष को कृषि बिल पर यू टर्न लेने पर घेरा

कृषि कानून को लेकर किसानों से एक तरफ पीएम ने आंदोलन वापस लेने की बात बोली तो विपक्ष पर तंज कसते हुए पूछा कि जिस बिल का समर्थन खुद देश के पूर्व पीएम मनमोहन सिंह कर रहे थे आखिर आज ऐसा क्या हो गया जब यू टर्न लेकर सिर्फ विरोध के लिये किसानों के जीवन के साथ मजाक किया जा रहा है। पीएम ने साफ किया कि देश हित में सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनो को देश हित में लिये फैसलो पर एक साथ होना चाहिये जिससे देश आगे बढ़ सके। इसके साथ साथ उन्होने बोला कि आज विश्व में भारत का मान बढ़ा है जहां दुनिया निवेश कैसे करे इसके बारे में विचार कर रही है तो भारत में निवेश हो रहा है, क्या ये अच्छी खबर नही है। हमे देश का आत्मविश्वास को यूं ही बनाये रखना है जिससे देश आत्मनिर्भर हो सके।

राज्यसभा से पीएम मोदी ने सीधे सीधे एक तीर से दो निशाने लगाये हैं। एक तरफ तो उन्होंने उन लोगो की पोल खोलकर जनता के सामने रखा जो सिर्फ आंदोलनजीवी बन गये हैं तो दूसरा विपक्ष से भी पर्दा हटाया कि वो कैसे कृषि बिल को लेकर देश को गुमराह कर रही है।