शाहीन बाग में बैठे हठधर्मियों को इनसे सबक लेना चाहिये

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CAA पर जहां देश के कई इलाकों में विरोध हो रहा है, तो इसके समर्थन में भी देशवासी खुलकर सामने आ रहे है, CAA के समर्थन में ये लोग कुछ अनूठे अंदाज़ में भी दिख रहे है, जो लोग अपनी सियासत चमकाने के लिये सिर्फ विरोध का सहारा लेकर देश के लोगों में आपसी फूट डालने का काम कर रहे है, उनको मुंह तोड़ जवाब दे रहे है।

हाथ में सीएए समर्थन की मेहंदी लगाकर पहुंचा दूल्हा –

शाहीन बाग की खबर तो खूब मीडिया पर छाई है, वहां के नारे दरबारी मीडिया 24*7 दिखाने में लगे है, लेकिन CAA का समर्थन करने वाले सूरत के इस दूल्हे को दिखाने के लिये उनके पास समय नही दिख रहा है। सड़क पर सीएए के समर्थन और विरोध की तस्वीर आने के बाद गुजरात के एक विवाह समारोह में इस कानून के समर्थन का अनोखा दृश्य देखने को मिला है। गुजरात के शहर सूरत में एक दूल्हा अपने हाथ पर सीएए के समर्थन की मेहंदी लगाकर अपनी शादी में पहुंचा। दूल्हे रोहित ने कहा कि चूंकि देश में राष्ट्र विरोधी तत्व सीएए के खिलाफ दुष्प्रचार कर रहे हैं, इसलिए उन्होंने जागरुकता के लिए अपनी मेहंदी के जरिए ऐसा प्रयास किया है। साथ ही साथ वो अपनी तरफ से देश के लोगो के बीच इस कानून को लेकर जो भ्रम फैला है उसे दूर करने में जुटे हुए है। बिजनस एडमिनिस्ट्रेशन में पीएचडी रोहित ने इसके साथ ये भी बताया कि देश में मोदी सरकार को चुनाव में विपक्ष हरा नही पाया तो अब सिर्फ खीच उतारने के लिये इस तरह का भ्रम फैलाकर देश को दंगों में डाल रहा है हालाकि देश का युवा अब विपक्ष के झांसे में नही पड़ने वाला है।

शादी के कार्ड के जरिये CAA का समर्थन –

इसी तरह देहरादून के एक युवक ने शादी के कार्ड के जरिए से सीएए और एनआरसी पर समर्थन जताया है। 26 वर्षीय मोहित मिश्रा ने कार्ड पर छपवाया है, कि हम सीएए और एनआरसी का समर्थन करते हैं। मिश्रा का कहना है कि देश का जिम्मेदार नागरिक होने के नाते उन्हें लगता है, कि सीएए और एनआरसी दोनों ही देश के हित के लिए हैं। उन्होंने दावा किया कि शादी में आने वाले सभी मेहमानों और उनके माता-पिता को यह आईडिया काफी बढि़या लगा। साथ ही साथ उनकी पत्नी ने भी इस कदम की सराहना की है। इसके साथ साथ पानीपत के आकाश सैनी ने भी अपनी बहन की शादी के कार्ड में CAA और NRC के फैसले को ठीक बताया है और पीएम मोदी के इस फैसले के साथ खड़े होने की बात कही है। ये तो सिर्फ एक बानगी है उन लोगों की जो देशहित में लिए गये फैसलों के साथ खड़े दिख रहे है और ये लोग न हल्ला मचा रहे है न ही रैली निकाल रहे है। जिससे आम लोगो को दिक्कत हो लेकिन इनकी बात दूर दूर तक और सीधे सीधे जा रही है। इसी तरह कुछ देशवासियों ने अपने इलाकों में और कॉलोनियो में बड़े बड़े बोर्ड लगाकर CAA के साथ खड़े है बता रहे है।

ऐसे में उन लोगों को इन लोगो से जरूर सबक लेना चाहिये तो 50 दिन से अधिक से आम लोगो को परेशान करने के लिये सड़क रोक कर दिक्कत पहुंचा रहे है ताकि देश में माहौल खराब न हो सकें।

 


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