देश के अर्धसैनिक बलों को जल्द बड़ी खुशखबरी

देश की अर्धसैनिक बलों को जल्द ही बहुत अच्छी खबर मिलने वाली है

हम में से बहुत कम ही लोगो को इस बात की जानकारी होगी कि हमारे सुरक्षा में तैनात केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (CRPF) के जवान अपने परिवार के साथ 1 साल में लगभग 75 दिन ही बीता पाते हैं, इस बात को गंभीरता से लेते हुए अब गृहमंत्री अमित शाह ने CRPF जवानों की छुट्टी को लेकर एक अहम कदम उठाया है, जो इन जवानों और उनके परिवारवालों के लिए किसी सौगात से कम साबित नहीं होगा।

गुरुवार को अधिकारियों ने इस बात की जानकारी देते हुए बताया की गृहमंत्री अमित शाह ने केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) को कर्मियों के लिए व्यापक योजना बनाने और यह सुनिश्चित करने को कहा है कि सशस्त्र बलों के करीब सात लाख जवान साल में कम से कम 100 दिन परिवार के साथ बिताएं।

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अधिकारियों ने बताया कि केंद्रीय गृह मंत्रालय ने केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF), सीमा सुरक्षा बल (BSF), केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (CISF), भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP), सशस्त्र सीमा बल (SSB) और असम राइफल के प्रमुखों एवं महानिदेशकों को इस योजना को लागू करने को कहा है। एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि इसका अभिप्राय यह है कि जवान नजदीकी यूनिट में तैनात होंगे और परिचालनात्मक अनिवार्यता नहीं होने पर अपने परिवार के साथ समय बिताने के लिए जा सकेंगे। इस आदेश के अनुपालन करने के लिए बलों के प्रमुखों से सीएपीएफ में अतिरिक्त जवानों की तैनाती का आकलन करने एवं रिपोर्ट सौंपने को कहा गया है ताकि सीएपीएफ यूनिट का काम प्रभावित नहीं हो।

अधिकारी ने कहा कि जब तैनाती का डाटा डिजिटल हो जाएगा तो बलों के मुख्यालयों को जवानों की तैनाती एवं स्थानांतरण करने में पारंपरिक कागजी फाइल प्रक्रिया के मुकाबले आसानी होगी। उन्होंने कहा कि इससे स्थानांतरण और अपने घर के पास तैनाती को लेकर जवानों की बड़े पैमाने पर होने वाली शिकायत को भी दूर करने में मदद मिलेगी। अधिकारी ने कहा कि बलों को यह प्रक्रिया पूरी करने के लिए दो महीने की समयसीमा दी गई है। उल्लेखनीय है कि सीमा सुरक्षा बल के पूर्व प्रमुख केके शर्मा ने पिछले साल कहा था कि केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के जवानों को साल में औसतन ढाई महीने (करीब 75 दिन) ही परिवार के साथ रहने को मिलता है और अगर 30 साल का सेवाकाल माना जाए तो मात्र पांच साल ही वे नौकरी के दौरान परिवार के साथ बिताते हैं।