शुरू हो गयी सरकार की ‘एक देश, एक राशन कार्ड’ महत्वाकांक्षी योजना, अब गरीब किसी भी शहर में खरीद सकेंगे अपने हक़ का राशन

'one country, one ration card' has started

शुक्रवार को देश को एक सूत्र में बांधने वाले एक और योजना को MODI 2.0 की सरकार ने हरी झंडी दे दी | और इसी क्रम में सरकार ने शुक्रवार को ‘एक देश, एक राशन कार्ड’ योजना की शुरुवात की | बता दे की इस योजना की शुरुआत केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान ने की है |

‘एक देश, एक राशन कार्ड’ योजना के तहत अगर कोई गरीब व्यक्ति एक जगह से दुसरे जगह जाता है तो वह दुसरे जगह के किसी भी दुकान से अपने हक़ के राशन को बिना किसी परेशानी के खरीद सकता है | साथ ही इस योजना के लागु होने से फर्जी राशन कार्ड पर भी रोक लगेगा | बता दे की सरकार सभी राशन कार्डों को आधार कार्ड से जोड़ने और प्वाइंट ऑफ सेल (Point of Sale, POS) मशीन के जरिये खाद्यान्न वितरण की कवायद कर रही है | सरकार की ये व्यवस्था अपने अंतिम चरण में है और बहुत जल्द इसे क्रियान्वित किया जायेगा |

शुरुआत में इस योजना को पायलट प्रोजेक्ट के अंतर्गत रखा गया है और फ़िलहाल इसे दो क्लस्टर राज्यों आंध्र प्रदेश-तेलंगाना और महाराष्ट्र-गुजरात में शुरू किया गया है | इस योजना के तहत अब आंध्र प्रदेश के निवासी तेलंगाना में और तेलंगाना के निवासी आंध्र प्रदेश में किसी भी दुकान से राशन का सम्मान खरीद सकेंगे | और इसी प्रकार महाराष्ट्र के निवासी गुजरात में और गुजरात के निवासी महाराष्ट्र में किसी भी दुकान से राशन खरीद सकेंगे |

शुरुआत में ये योजना सिर्फ चार राज्यों में ही लागु किया गया है पर सरकार का लक्ष्य है की साल 2020 तक इस योजना को देश के हर राज्य में लागु किया जाये | देश के सारे राज्य में इस योजना के लागु होने के बाद लाभार्थियों को आसानी से देश के किसी भी राज्य में अपने हक़ का अनाज खरीदने में कोई परेशानी नहीं आएगी | बता दे की इस योजना को जल्द से जल्द लागु करने के लिए केन्द्रीय खाद्य मंत्री रामविलास पासवान ने बीते जून के आखिरी हफ्ते में अधिकारीयों के साथ बैठक की थी और इस योजना को क्रियान्वित करने के लिए पूरी रूपरेखा तैयार की थी |