सड़क हादसे में घायल को अस्पताल पहुंचाये, मोदी सरकार से ईनाम पाये

मोदी सरकार ने रोड एक्सीडेंट में घायल लोगों की जान बचाने के लिए बड़ी पहल की है। सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने रोड एक्सीडेंट में पीड़ित को गंभीर चोट लगने के एक घंटे के भीतर हॉस्पिटल पहुंचाने वाले को पांच हजार रुपये नगद देने की बात कही है।

नेक मददगार को पुरस्कार देने की योजना

मंत्रालय ने सोमवार को ‘नेक मददगार को पुरस्कार देने की योजना’ के लिए दिशानिर्देश जारी किए। मंत्रालय ने कहा कि इस योजना का मकसद आपातकालीन स्थिति में सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद करने के लिए आम जनता को प्रेरित करना है। नकद पुरस्कार के साथ एक प्रमाण पत्र भी दिया जाएगा। मंत्रालय ने कहा कि इस पुरस्कार के अलावा राष्ट्रीय स्तर पर 10 सबसे नेक मददगारों को एक-एक लाख रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा।

 

हर साल रोड एक्सीडेंट में होती है 1.5 लाख लोगों की मौत

गौरतलब है कि देश में हर साल करीब 5 लाख सड़क दुर्घटनाएं होती हैं, जिनमें लगभग 1.5 लाख लोग मारे जाते हैं वहीं लगभग 4.5 लाख से ज्यादा लोग सड़क पर हादसे का शिकार हो जाते हैं। सड़क हादसे में मरने वाले की संख्या को लेकर सरकार काफी चिंतित है। केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने सभी स्टेक होल्डर्स से रोड एक्सीडेंट में मारे जाने वाले लोगों की संख्या को कम करने के लिए कदम उठाने को कहा है। वहीं 2025 तक सड़क दुर्घटनाओं से होने वाली मौतों में 50 फीसदी की कमी का लक्ष्य रखा गया है। उन्होने कहा कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली मौतों के कारण खतरनाक स्थिति बन रही है और भारत सड़क दुर्घटना के मामले में पहले स्थान पर है और अमेरिका  चीन से काफी आगे है।

वैसे सरकार ने दुर्घटना कम हो इसके लिये कई नियम बनाये है तो घायल आदमी को अस्पताल पहुंचाने वाले से ज्यादा पूछताछ ना हो इसके लिये भी कदम उठाये गय़े है लेकिन जिस तरह से अब मददगार को ईनाम देने की बात हो रही है उससे जरूर वो लोग आगे आगे आयेगे जो घायल व्यक्ति को देख पीछे हो जाते थे।