कश्मीर मामले पर सुनवाई को सुप्रीम कोर्ट ने दो हफ्ते के लिए टाला, कहा घाटी के नर्म हालातों के लिए सरकार पर रखना होगा भरोसा

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आर्टिकल 370 कश्मीर से ख़त्म हो चूका है और इसकी कहानी भी अब पुरानी हो गयी | और सरकार पूरी तरह से अब सिर्फ जम्म-कश्मीर के विकास कार्य को निर्वाचित करने पर केन्द्रित है | पर विपक्षी दल अभी भी आर्टिकल 370 के एपिसोड पर ही अटका पड़ा है | एक तरफ जहाँ सरकार घाटी की सुरक्षा और वहां के हालातों को नर्म रखने की पूरी ज़द्दो-जिहत में लगी हुई है वहीँ विपक्ष, सरकार पर कश्मीर मामले को लेकर दिन-प्रतिदिन नए सवाल के साथ उभर रही है |

बता दे की कश्मीर मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में याचिका तहीसन पूनावाला द्वारा दाखिल की गयी है | पर सुप्रीम कोर्ट ने याचिका में बड़ा फैसला लेते हुए कश्मीर मामले पर 2 हफ्ते तक सुनवाई टाल दी है | और इसी के साथ ये भी कहा की हमें सरकार पर भरोसा रखना होगा | कश्मीर के मौजूदा हालत बहुत ही संवेदनशील है और सरकार वहां के हालातों में नरमी बरकरार रखने की पूरी कोशिश कर रही है | आर्टिकल 370 को ख़त्म करना सरकार का ऐतिहासिक कदम है और किसी क्रांति से कम नहीं है | इसलिए हमें सरकार पर कश्मीर के हालातों को लेकर भरोसा करना होगा | बहुत जल्द घाटी की स्थिति भी नर्म हो जाएगी |

कश्मीर मामले पर लगातार उठ रहे कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पी. चिदंबरम के सवालों का जवाब देते हुए सरकार ने कोर्ट को बताया की जम्मू-कश्मीर की स्थानीय हालातों की रोजाना समीक्षा की जा रही है | इसके साथ ही अटॉर्नी जनरल के के वेणुगोपाल ने बताया की कश्मीर को लेकर इस वक्त की हमारी सबसे बड़ी जिम्मेदारी यही है की घाटी की कानून व्यवस्था को सुदृढ़ और सुनिश्चित किया जाये ताकि घाटी के हालातों में समानता बनी रहे |

कांग्रेस नेता राहुल गाँधी के लगातार कश्मीर के हालातों के बारे में पूछे जा रहे सवालों का सटीक जवाब देते हुए कश्मीर के राज्यपाल सत्यपाल मालिक ने कहा है की अगर राहुल जी को कश्मीर के नर्म हालातों पर इतना संदेह है तो मैं उन्हें प्राइवेट जेट भेज देता हूँ, वो खुद आकर कश्मीर के नर्म हालातों का जायजा ले सकते है |

दरअसल आर्टिकल 370 के कश्मीर में ख़त्म होने से पहले ही घाटी की सुरक्षा के लिए अतिरिक्त सुरक्षाबलों की तैनाती की गयी थी साथ ही वहां के विपक्ष के नेताओं सहित अलगाववादी के नेताओं जैसे कश्मीर की पूर्व मुख्यमंत्री मेहबूबा मुफ्ती और उमर अब्दुल्ला को नज़र बंद कर दिया गया था | इसके साथ ही पुरे कश्मीर में धारा 144 लागु कर दी गयी थी और मोबाइल नेटवर्क के सभी सुविधाओं को थप कर दिया गया था | NSA अजित डोभाल भी इस समय कश्मीर के ज़मीनी हालातों का जायजा खुद ले रहे है और वो भी प्रतिदिन |

आर्टिकल 370 के ख़त्म होने के एक हफ्ते बाद तक घाटी की स्थिति बिलकुल सामान है | भाई हो भी क्यों न कश्मीर की जनता को सरकार का ये फैसला इतना रास जो आया है | बीते सोमवार को भी घाटी में अमन और चैन के साथ ईद का पावन पर्व मनाया गया | हालाँकि सरकार ने ईद को लेकर धारा 144 में कुछ नरमी दिखाई थी पर सुबह का नमाज़ ख़त्म होने के बाद एक बार फिर धारा 144 को शख्त कर दिया गया |

बताते चलें की जम्मू के हालातों को देखते हुए सरकार ने वहां से धारा 144 को पूरी तरह से हटा दिया है और सभी स्कूल्स और कॉलेज को भी खोल दिया गया है | कश्मीर में भी परिस्थितियां सामान्य रही तो सरकार बहुत जल्द घाटी से भी धारा 144 हटा सकती है लेकिन उसके लिए हमें सरकार पर भरोसा रखना होगा |