यूक्रेन के राष्ट्रपति और पीएम मोदी की हुई बात के बीच रूस ने कुछ शहरों में किया सीजफायर

रूस यूक्रेन जंग के बीच पीएम मोदी ने आज यूक्रेन के राष्ट्रपति से करीब 35 मिनट बातचीत की। इस दौरान पीएम मोदी का फोकस ज्यादातर वहां फंसे भारतीयों को सकुशल देश पहुंचाने पर रहा। हालांकि इस सब के बीच रूस ने सीजफायर की बात कही है और वो भी उन शहरो में जहां भारतीय छात्र कई दिनो से फंसे हुए है।

यूक्रेन के राष्ट्रपति से पीएम मोदी ने की बात

रूस और यूक्रेन युद्ध का आज 12वां दिन है। इस बीच पीएम मोदी ने  एक बार फिर यूक्रेन के राष्ट्रपति व्लोदिमीर जेलेंस्की  से फोन पर बात की है। भारत सरकार की माने तो ये फोन कॉल लगभग 35 मिनट तक चली। दोनों नेताओं ने यूक्रेन में स्थिति पर चर्चा की है। पीएम मोदी ने रूस और यूक्रेन के बीच जारी सीधी बातचीत की सराहना की। इस दौरान पीएम मोदी ने यूक्रेन से भारतीय नागरिकों को निकालने में यूक्रेन सरकार द्वारा दी गई सहायता के लिए राष्ट्रपति जेलेंस्की को धन्यवाद दिया। उन्होंने सूमी से भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए जारी प्रयासों में यूक्रेन सरकार से निरंतर समर्थन भी मांगा है। गौरतलब है कि रूस ने 24 फरवरी को यूक्रेन पर हमले करना शुरू किया था। जिसके बाद पहली बार पीएम मोदी ने 26 फरवरी को जेलेंस्की से फोन पर बात की थी। भारत ने संयुक्त राष्ट्र में रूस के खिलाफ हुए मतदान से दूरी बनाई थी। लेकिन इस जंग की निंदा हर मंच से किया है। सरकार की माने तो सरकार का मत है कि बातचीत से ही हर मसले का हल निकलना चाहिये।

रूस ने किया यूक्रेन के कुछ शहरों में सीजफायर

उधर दूसरी तरफ रूस ने भी यूक्रेन में जंग के दौरान कुछ शहरो में सीजफायर करने का ऐलान किया है। रूसी सरकार की माने तो रूस ने यूक्रेन के दो सबसे बड़े शहरों, राजधानी कीव, सूमी, मारिओपोल और खारकीव में सीजफायर लगाया है।जो यूक्रेन के लिए जीतने अहम है उससे ज्यादा भारत के लिए क्योंकि ऐसा करने से भारत सूमी शहर में फंसे करीब 700 भारतीयों को सकुशल अपने देश ले जा सकेगा। खुद भारत सरकार ने भी इसे एक बेहतर खबर बताया है और वो इसलिये क्योकि इससे भारत सरकार सभी छात्रो को सही तरीके से यूक्रेन से सटी दूसरी देश की सीमा तक अराम से ला सकेंगे। इतना ही नहीं पीएम मोदी ने इस बाबत रूस के राष्ट्रपति पुतिन से 50 मिनट तक बात करी और बोला कि दोनो देसों को स्थिति को सांत करने के लिए आपस में बात करना चाहिये। साथ ही सीजफायर पर रूस की सराहना की।

इससे पहले भी रूस ने भारतीय नागरिकों को निकालने के लिए सीजफायर किया था और एक बार फिर सीजफायर करके ये तो साफ बता दिया है कि रूस भारत की दोस्ती आज भी बहुत पक्की है।