भ्रष्टाचार से निपटने के लिये पीएम मोदी ने देशवासियों का मांगा साथ

मोदी सरकार के आने से पहले अखबारों के हर पेज पर सिर्फ भ्रष्टाचार की खबरें ही रहती थी लेकिन मोदी सरकार के आने के बाद अब अखबारों के पेज से ऐसी खबरे बिलकुल गायब सी हो गई है। इसके पीछे का कारण मोदी सरकार की सख्त नीतियां ही है। हालाकि इसके बावजूद भी पीएम मोदी ने भ्रष्टाचार के वंशवाद को चुनौती मानते हुए इससे निपटे का देशवासियों से आह्वान किया है।

भ्रष्टाचार का वंशवाद

मौका तो सतर्कता एवं भ्रष्टाचार के खिलाफ आयोजित एक राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्घाटन करने का था लेकिन इसके जरिये पीएम मोदी ने देशवासियों से एक चुनौती का जिक्र किया और वो चुनौती है भ्रष्टाचार के वंशवाद की पीएम मोदी ने इससे सावधान रहने की अपील देशवासियों से की और बोला कि बीते दशकों में देश ने देखा है कि जब भ्रष्टाचार करने वाली एक पीढ़ी को उचित सजा नहीं मिलती तो दूसरी पीढ़ी और ज्यादा ताकत के साथ भ्रष्टाचार करती है। उसे दिखता है कि जब घर में ही करोड़ों रुपए कालाधन कमाने वाले का कुछ नहीं हुआ या थोड़ी सी सजा पाकर छूट गया तो उसका हौसला और बढ़ जाता है। इस वजह से कई राज्यों में तो ये राजनीतिक परंपरा का हिस्सा बन गया है। पीढ़ी दर पीढ़ी चलने वाला भ्रष्टाचार, भ्रष्टाचार का ये वंशवाद, देश को दीमक की तरह खोखला कर देता है। इसलिये इस भ्रष्टाचार के वंशवाद पर नकेल कसना बहुत जरूरी है और ये नकेल देश की जनता  के सहयोग से ही लगेगा।

भारत बनाम भ्रष्टाचार की लड़ाई में देश का साथ दें

इसके साथ पीएम मोदी ने भ्रष्टाचार को देश के विकास में बहुत बड़ी बाधा बताया। भ्रष्टाचार समृद्ध भारत के सामने और आत्मनिर्भर भारत के सामने बहुत बड़ी रुकावट है। पीएम मोदी ने साफ किया कि भ्रष्टाचार बढ़ने से सबसे ज्यादा असर आम लोगों के जीवन पर पड़ता है वो तेजी के साथ आगे नही बढ़ पाते है। लेकिन पिछले 6 सालो में भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिये सरकार के प्रयास ठीक रास्ते पर चल रहे है। तभी आज 6 सालों से कोई भी मामला भ्रष्टाचार का सामने नही आया है। इशारों इशारों में पीएम ने अफसरशाही को भी संदेश दिया कि मोदी सरकार भ्रष्टाचार को बिलकुल बर्दाशत नही कर सकती है औऱ इसका ध्यान सभी को रखना चाहिय।

देश ही नही सारी दुनिया ये मान रही है कि आज भारत में भ्रष्टाचार पर नकेल कसती हुई दिखाई दे रही है और ये हुआ है मोदी सरकार के चलते जिसने सुस्त देश की चाल को तो तेज किया ही है साथ ही देशभक्ति का जज्बा देशवासियों में जगाकर एक तरह से भ्रष्टाचार से मुक्त देश बनाने की कोशिश भी की है दूसरी तरफ सख्त कानून बनाकर उन लोगों पर नकेल भी देश में कसी जा रही है जो भ्रष्टाचार करके सोचते थे कि वो बच जायेगे। लेकिन आज ऐसा नही है क्योकि हर भ्रष्ट के लिये काल है मोदी सरकार …