पाकिस्तान आतंक के खिलाफ कार्रवाई करे और जवाबी कार्रवाई से बचे: अमेरिका

Pakistan should take action against terror

अमेरिका ने पाकिस्तान को सख्ती संदेश देते हुए कहा है कि जम्मू-कश्मीर की विशेष स्थिति को छीनने के भारत के फैसले के मद्देनजर, पाकिस्तान को किसी भी जवाबी कार्रवाई से बचना चाहिए। भारत को धमकी देने के बजाय अपनी सरजमीं पर पनपने वाले आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई करे। जिसमें नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर घुसपैठ के लिए समर्थन और अपनी धरती पर आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई करना शामिल है।

पाकिस्तान ने बुधवार को भारतीय उच्चायुक्त अजय बिसारिया को निष्कासित कर दिया और जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को रद्द करने के लिए नई दिल्ली के “एकतरफा और अवैध” कदम को लेकर भारत के साथ राजनयिक संबंधों को डाउनग्रेड कर दिया।

सीनेटर रॉबर्ट मेनेंडेज़ और कांग्रेसी एलियट एंगेल ने बुधवार को एक संयुक्त बयान में जम्मू-कश्मीर में प्रतिबंधों पर चिंता व्यक्त की और कहा की ”दुनिया के सबसे बड़े लोकतंत्र होने के नाते भारत के समक्ष अपने सभी नागरिकों की सुरक्षा और समान अधिकारों को प्रोत्साहित करने का दायित्व है। इसी तरह सबके लिए हर तरह की स्वतंत्रता सुनिश्चित करना, सूचना की उपलब्धाता और कानून के मुताबिक सबके समान संरक्षण को दिखाने का अवसर है। पारदर्शिता और राजनीतिक भागीदारी प्रतिनिधिक लोकतंत्र के आधारस्तंभ हैं। हमें उम्मीद है कि जम्मू-कश्मी्र में इन सिद्धांतों का पालन करेगी”। मेनेंडेज़ सीनेट विदेश संबंध समिति के एक रैंकिंग सदस्य हैं, जबकि एंगेल हाउस फॉरेन अफेयर्स कमेटी के अध्यक्ष हैं।

गौरतलब है की भारतीय संसद ने मंगलवार को संविधान के अनुच्छेद 370 और राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों – जम्मू और कश्मीर, और लद्दाख में विभाजित करने के लिए एक विधेयक के तहत जम्मू और कश्मीर को विशेष दर्जा देने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी। भारत ने कहा है कि जम्मू और कश्मीर इसका अभिन्न अंग है और यह मुद्दा पूर्ण रूप से देश के लिए आंतरिक है।

इसके बाद विदेश मंत्रालय ने भी P5 राष्ट्रों – अमेरिका, यूके, चीन, फ्रांस और रूस के दूतों को भारत सरकार के अनुच्छेद 370 को खत्म करने और राज्य को दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने के फैसले के बारे में जानकारी दी।

पाकिस्तान लगातार भारत के खिलाफ उकसावे वाले कदम उठा रहा है। पाकिस्तान ने फैसला लिया है कि वह जम्मू कश्मीर के मसले को लेकर संयुक्त राष्ट्र जाएगा। वहीं, बौखलाहट में पाकिस्तान ने 15 अगस्त यानी भारत के स्वतंत्रता दिवस को काला दिवस के रूप में मनाने का फैसला लिया है। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने नेशनल सिक्योरिटी कमिटी (NSC) की बैठक बुलाई, जिसके बाद ये फैसला लिया गया :

1. पाकिस्तान ने भारत के साथ कूटनीतिक संबंधों के दर्जे को घटा दिया
2. भारत के साथ द्विपक्षीय समझौते की समीक्षा करने का फैसला लिया
3. जम्मू कश्मीर के मुद्दे को संयुक्त राष्ट्र और उसके सिक्योरिटी काउंसिल में उठाएगा
4. पाकिस्तान ने इस बार के स्वतंत्रता दिवस 14 अगस्त को कश्मीर के लोगों के नाम समर्पित किया
5. भारत के स्वतंत्रता दिवस (15 अगसत) को काला दिवस के रूप में मनाएगा
6. पाकिस्तान ने अपने सभी कूटनीतिक माध्यमों से जम्मू कश्मीर में मानवाधिकार उल्लंघन के मसले को दुनिया भर में उठाने को कहा है
7. प्रधानमंत्री इमरान खान ने अपनी सेना को सतर्क रहने का निर्देश जारी किया है