बैठक में दिखा मोदी का कड़ा रुख, ड्यूटी से लापता मंत्रियों की लगी क्लास

bjp parliamentary party meeting

मंगलवार सुबह PM मोदी और केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में संसदीय दल की बैठक का आयोजन किया गया| यह बैठक संसद की लाइब्रेरी बिल्डिंग में हुआ| इस बैठक का सबसे अहम् उद्देश्य था, सांसदों और मंत्रियों को उनके कार्य के प्रति सतर्क करना और समाज सेवा के लिए प्रेरित करना| इस बैठक के दौरान PM मोदी ने ऐसे मंत्रियों और सांसदों की भी क्लास लगाई जो अपनी ड्यूटी होने के बाद भी अनुपस्थित रहते है|

PM मोदी ने दी मंत्रियों/ सांसदों को हिदायत

बैठक में मंत्रियों और सांसदों के प्रति कड़ा रुख लेते हुए PM मोदी ने कहा कि उन्हें अपने काम को लेकर सचेत और जागरूक होना होगा| आपकी जनता ने आपको अपने क्षेत्र के विकास के लिए चुना है, ऐसे में आपको अपने क्षेत्र के विकास के लिए इनोवेटिव तरीके से सोचना होगा|

सांसदों की हमेशा यहीं कोशिश होनी चाहिए कि उनकी जनता की परेशानियों का निवारण सही समय पर हो| इसके साथ ही सांसदों को इस बात की भी पुष्टि करनी होगी की उनके प्रदेश की जनता को सरकारी योजनाओ का लाभ सही तरीके से मिल रहा है या नहीं|

पशुपालन की चर्चा करते हुए प्रधानमंत्री ने बताया की अभी के वक्त में पालतू जानवरों में बीमारी काफी तेजी से फैलती है| ऐसे में सांसदों की प्राथमिकता है कि वो मवेशियों के पालकों से बात करें और कोशिश करे की पशुवों से जुडी बिमारियों का इलाज सही तरीके से हो और साथ ही इन बिमारियों को रोकने के उपाय भी किये जाएँ| पीएम ने 115 पिछड़े जिलों में खास तौर पर सांसदों को काम करने की जरूरत बताई है|

ड्यूटी के प्रति नियमित होने की पूरी कोशिश करे सांसद

जिनकी ड्यूटी होने के बाद भी वो अपने ड्यूटी पर नहीं जाते, उन्हें सख्त हिदायत देते हुए PM मोदी ने उन्हें अपने ड्यूटी के प्रति एहतियात बरतने के निर्देश दिए हैं| साथ ही कड़े शब्दों में कहा कि, “जो मंत्री नियमित तौर पर अपने ड्यूटी में नहीं आते है उनके नाम मुझे दो, मुझे सबको ठीक करना आता है|” PM ने बताया कि जब सांसद और मंत्री अपनी ड्यूटी के लिए राज्यसभा और लोकसभा में नहीं जाते तो विपक्ष के सदस्य प्रधानमंत्री को शिकायत पत्र भेजते है जो किसी भी तरीके से सही नहीं है| हमें विपक्षियों को किसी भी तरह से शिकायत का मौका नहीं देना चाहिए|

PM मोदी जनता की भलाई के लिए किसी भी प्रकार की कोताही नहीं करना चाहते है और इसीलिए उन्होंने सांसदों और मंत्रियों को अपने काम को सही तरीके से और सही समय पर करने के निर्देश दिए हैं| इसके साथ ही ये हिदायत भी दी है कि जनता के हित के किसी भी काम में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी|