मोदी सरकार का जलवा – समय से पहले पूरी हो रही योजनायें

plans completed before time

मोदी सरकार में सरकारी काम की परिभाषा बदल चुकी है| पिछली सरकारों में सरकारी काम मतलब कछुए की गति से होने वाला काम, या सिर्फ कागज़ पर योजनाओं का क्रियान्वयन, या दशकों तक देरी के बाद धीरे-धीरे किसी भी योजना का निपटारा|

डिजिटल मोदी का डिजिटल प्रोजेक्ट मैनेजमेंट

लेकिन मोदी सरकार में ये सब बीते ज़माने की बात हो गयी| डिजिटल इंडिया के निर्माण का प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी का सपना पूरा होता हुआ दिख रहा है| अब हर योजना और उन सभी योजनाओं से जुड़ी प्रगति का लेखा-जोखा डिजिटल तरीके से रखा जा रहा है| पीएमओ के ऑनलाइन सिस्टम में किसी भी बहुराष्ट्रीय कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजमेंट से बेहतर सुविधाएँ हैं जिसके द्वारा खुद प्रधानमंत्री मोदी पलक झपकते किसी भी योजना की प्रगति की देख कर उस पर जरुरी कार्रवाई कर सकते हैं|

कई महत्वाकांक्षी योजनायें समय से पहले पुरे होने के कगार पर

प्रधानमंत्री मोदी द्वारा शुरू की गयी कई योजनायें समय से पहले या तो पूरी हो चुकी है या तय समय से पहले पूरी होने की प्रक्रिया में है|

• उज्ज्वला योजना और हर घर बिजली का लक्ष्य समय से पहले पूरा किया गया
• गावों को खुले में शौच से मुख करने की योजना का लक्ष्य 2 अक्टूबर, 2019 था| लेकिन ये योजना समय से पहले सितम्बर 2019 में ही पूरी हो जाने की उम्मीद है|
• प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत हर किसी के सर पर अपनी छत होने का लक्ष्य साल 2022 तक का रखा गया था, लेकिन इसके 2020 तक पूरा करने की तैयारी है

प्रधानमंत्री मोदी के पांच साल के पिछले कार्यकाल में करीब 700 प्रोजेक्ट पांच साल के भीतर पुरे किये गए| आंकड़ों के मुताबिक तय समय पर योजनाओं के पूरा होने से हर साल तकरीबन 50,000 करोड़ की बचत हो रही है|

40 सालों से अधूरे पड़े प्रोजेक्ट्स ने खींचा प्रधानमंत्री मोदी का ध्यान

पीएमओ के सूत्रों के मुताबिक 12 जुलाई 2017 को प्रधानमंत्री के सामने पश्चिम बंगाल के एक लंबित रेलवे प्रोजेक्ट का मामला आया| आश्चर्य की बात थी कि वो प्रोजेक्ट 1975 में पास हुआ था लेकिन 2017 तक उस पर काम शुरू नहीं हो पाया था| इसके अलावा भी इस मीटिंग में महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों के दो दर्जन से अधिक लंबित योजनाओं पर चर्चा हुई थी| नतीजतन कई ऐसे प्रोजेक्ट के कार्यान्वयन में अनुमानित लागत का करीब सौ गुना खर्च होने की सम्भावना थी|

इस घटना को संज्ञान में लेते हुए प्रधानमंत्री ने एक प्रोजेक्ट मैनेजमेंट सिस्टम बनाने की बात की, जिसमे हर योजना, उसकी डेडलाइन और हर संभव प्रगति की रिपोर्टिंग की समुचित सुविधाएँ हो| लंबित योजनाओं की अलग से लिस्ट बनायी गयी|

मोदी की नो टॉलरेंस नीति

देरी होने की स्थिति में तीन रिमाइंडर के बाद पीएमओ खुद उस योजना की जिम्मेदारी ले लेता है, और त्वरित कारर्वाई की जाती है| उदाहरण के तौर पर दिल्ली मेरठ एक्सप्रेसवे योजना में जब तीन रिमाइंडर के बाद भी कार्य की प्रगति में तेजी नहीं आई तो पीएमओ ने कमान संभाली| आधी रात को इस योजना के प्रोजेक्ट हेड की छुट्टी कर दी गयी थी| 2017 के बजट की कई ऐसी योजनायें थी जिस के क्रियान्वयन में देरी हो रही थी| ऐसी योजनाओं से जुड़े विभाग से सभी संबंधित अधिकारियों को चलता कर दिया गया था|

केंद्र और राज्य के बीच समन्वय के साथ कार्य

किसी भी योजना के सफल होने में राज्य सरकारों की भी अहम भूमिका होती है| इसलिए प्रधानमंत्री ने राज्य सरकारों को भी इसमें शामिल किया गया| विडियो कॉन्फ़्रेंसिंग के द्वारा राज्यों के प्रमुख सचिव और संबंधित अधिकारी मीटिंग में भाग लेते हैं| इस प्रकार केंद्र और राज्य के बीच समुचित समन्वय के साथ योजनाओं को पूरा करने की दिशा में प्रधानमंत्री की देख रेख में कार्य को आगे बढ़ाया जाता है|

किसी भी योजना के सफल होने में राज्य सरकारों की भी अहम भूमिका होती है| इसलिए प्रधानमंत्री ने राज्य सरकारों को भी इसमें शामिल किया गया| विडियो कॉन्फ़्रेंसिंग के द्वारा राज्यों के प्रमुख सचिव और संबंधित अधिकारी मीटिंग में भाग लेते हैं| इस प्रकार केंद्र और राज्य के बीच समुचित समन्वय के साथ योजनाओं को पूरा करने की दिशा में प्रधानमंत्री की देख रेख में कार्य को आगे बढ़ाया जाता है|