केजरीवाल आज तीसरी बार लेंगे दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की शपथ

आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल आज दिल्ली के ऐतिहासिक रामलीला मैदान में लगातार तीसरी बार दिल्ली के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे। केजरीवाल के साथ-साथ पार्टी के छह नेता भी रविवार को ही शपथ लेंगे जो कि उनके मंत्रिमंडल का हिस्सा होंगे।

छह मंत्री भी लेंगे शपथ

केजरीवाल उन सभी छह मंत्रियों को कैबिनेट में रखेंगे जिन्होंने पिछले कार्यकाल में सरकार के साथ काम किया। इसमें मनीष सिसोदिया, सत्येंद्र जैन, इमरान हुसैन, गोपाल राय, राजेंद्र गौतम और कैलाश गहलोत का नाम शामिल है। उपराज्यपाल अनिल बैजल केजरीवाल को तथा उनके मंत्रिमंडल सहयोगियों को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे। केजरीवाल अपनी पिछली सरकार के सभी मंत्रियों को इस बार भी मंत्रिमंडल में बनाये रखेंगे। बता दे की केजरीवाल का पहला कार्यकाल मात्र 49 दिन का था, जबकि उन्होंने पांच वर्ष का दूसरा कार्यकाल पूरा किया।

सुरक्षा के विशेष इंतजाम

अरविंद केजरीवाल के मुख्यमंत्री के तौर पर शपथ ग्रहण को लेकर सारी तैयारियां कर ली गई हैं। आम आदमी पार्टी ने दिल्ली चुनाव में प्रचंड जीत के बाद दिल्ली की जनता को अरविंद केजरीवाल के शपथ ग्रहण में आमंत्रित किया है। शपथग्रहण समारोह के लिए दिल्ली पुलिस और अर्धसैनिक बलों के लगभग दो हजार सुरक्षाकर्मी तैनात किये गए हैं।

इन मेहमानों को किया गया है आमंत्रित

दिल्ली के विकास में योगदान देने वाले समाज के विभिन्न वर्गों के लगभग 50 लोगों को शपथ ग्रहण समारोह में विशेष अतिथि बनाया गया है। इन लोगों को मुख्यमंत्री के साथ मंच पर जगह दी जाएगी। इनमें अंतरराष्ट्रीय टेनिस खिलाड़ी सुमित नागल और जय भीम मुख्यमंत्री प्रतिभा विकास योजना के लाभार्थी दिल्ली में सरकारी स्कूल के विद्यार्थी विजय कुमार शामिल हैं। विजय कुमार ने आईआईटी की प्रवेश परीक्षा में सफलता हासिल की थी। शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, दिल्ली के सभी सांसदों और विधायकों को आमंत्रित किया गया है। आम आदमी पार्टी ने कहा है कि किसी अन्य राज्य के मुख्यमंत्री या राजनेता इस कार्यक्रम में भाग नहीं लेंगे, क्योंकि यह कार्यक्रम पूरी तरह से दिल्ली केंद्रित है।

कैबिनेट सहयोगियों के साथ किया रात्रिभोज

तीसरी बार दिल्ली का मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने से एक दिन पहले आप के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरवाल ने अपने संभावित कैबिनेट सहयोगियों के साथ रात्रिभोज किया और राष्ट्रीय राजधानी के विकास के ”रोडमैप पर चर्चा की। चर्चा में आगामी तीन महीनों के दौरान उठाए जाने वाले कदमों को प्राथमिकता दी गई।

गौरतलब है की आप ने 70 सदस्यीय दिल्ली विधानसभा में 62 सीटें जीतीं जबकि बीजेपी ने आठ सीटों पर जीत दर्ज की और कांग्रेस लगातार दूसरी बार भी खाता नहीं खोल पाई।