जेपी नड्डा: जानिए भारतीय जनता पार्टी के निर्विरोध चुने गए राष्ट्रीय अध्यक्ष के बारे में

Newly elected BJP President

जगत प्रकाश नड्डा निर्विरोध बीजेपी के नए अध्यक्ष चुन लिए गए है। बीजेपी संगठन चुनाव प्रभारी राधामोहन सिंह ने नड्डा के चुने जाने की घोषणा की। जे पी नड्डा बीजेपी के 11वें अध्यक्ष बने हैं। अभी तक नड्डा कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में कार्यभार संभाल रहे थे। अब वे संगठन में अमित शाह की जगह लेंगें। जेपी नड्डा मूल रूप से हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर के रहने वाले हैं लेकिन उनका जन्म बिहार में हुआ है।

जगत प्रकाश नड्डा 2019 से 2022 के लिए सर्वानुमति से अध्यक्ष चुन लिए गए हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष चुने जाने पर निवर्तमान अध्यक्ष और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत पार्टी के तमाम नेताओं ने नड्डा को बधाई दी।

जेपी नड्डा हिमाचल प्रदेश से राज्यसभा सांसद हैं और RSS के जरिए पार्टी में जमीनी स्तर पर काम करते आए हैं। नड्डा के राजनीतिक जीवन के अगले तीन साल सबसे कठिन गुज़रने वाले हैं। पार्टी अध्यक्ष के रूप में अपने कार्यकाल के दौरान दिल्ली के बाद बिहार, बंगाल, उत्तर प्रदेश, तमिलनाडु समेत कई बड़े राज्यों के विधानसभा चुनाव होने हैं, जो उनके लिए एक बड़ी चुनौती होगी।

अपने राजनीतिक करियर में जेपी नड्डा ने जम्मू-कश्मीर, पंजाब, हरियाणा, छत्तीसगढ़, तेलंगाना, केरल, राजस्थान, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों के प्रभारी और चुनाव प्रभारी रहे। बीजेपी में उनका कद लगातार बढ़ता रहा। और पार्टी में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमित शाह के साथ नड्डा के नजदीकी रिश्ते रहे हैं। मोदी जब हिमाचल के प्रभारी हुआ करते थे तब से दोनों के बीच अच्छे मधुर सम्बन्ध रहे हैं।

बिहार से है गहरा नाता

बता दें कि जेपी नड्डा खाटी बिहारी हैं। उनका जन्म 2 दिसंबर 1960 को पटना के भिखना पहाड़ी इलाके में हुआ और उनका बिहार से गहरा नाता रहा है। उन्होंने अपनी प्रारंभिक शिक्षा पटना के सेंट जेवियर स्कूल और फिर कुछ दिनों के लिए राममोहन राय सेमिनरी में स्कूली शिक्षा ली है।

सेंट जेवियर स्कूल से मैट्रिक पास करने के बाद जेपी नड्डा का पटना कालेज में इंटर में नामांकन कराया गया और यहीं से उन्होंने 1980 के दशक में ग्रेजुएशन पास किया। कुछ दिनों पहले जब वे पटना आये थे, तो पटना विश्वविद्यालय परिसर भी गये थे और अपने छात्र जीवन की यादों में खो गए थे।

हिमाचल प्रदेश के विलासपुर इलाके के मूल निवासी जेपी नड्डा के पिता एनएल नड्डा पटना विश्वविद्यलय में काॅमर्स विभाग में शिक्षक थे। यहां वे विभागाध्यक्ष बने और बाद में प्राचार्य भी हुए। जेपी नड्डा के पिता 1980 में रिटायर हो गए और उसके बाद जेपी नड्डा भी अपने परिवार के साथ गृह राज्य हिमाचल प्रदेश चले गए।

हिमाचल विश्वविद्यालय से शुरू की राजनीति

पटना यूनिवर्सिटी से ग्रेजुएशन के बाद उन्होंने हिमाचल विश्वविद्यालय से लॉ की पढ़ाई पूरी की और इसी दौरान वे छात्रसंघ के अध्यक्ष भी बने। इसके बाद 1989 में जेपी नड्डा ABVP के राष्ट्रीय महामंत्री चुने गए और वर्ष 1991 में भारतीय जनता पार्टी के युवा मोर्चा (BJYM) के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने। 1994 साल में जेपी नड्डा पहली बार विधायक बने और उन्हें नेता प्रतिपक्ष का दर्जा भी मिला। 1998 में वे एक बार फिर से विधायक बने और राज्य में प्रेम कुमार धूमल के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनी जिसमें नड्डा राज्य के स्वास्थ्य मंत्री बने। 2014 में जब प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व वाली पहली सरकार बनी तो उसमें भी जेपी नड्डा को देश का स्वास्थ्य मंत्री बनाया गया था।

लोकसभा चुनाव में यूपी में दिलाई बड़ी जीत

BJP unanimously elected JP Nadda (Jagat Prakash Nadda) as its national president.

भारतीय जनता पार्टी ने 2019 में हुए लोकसभा चुनाव के दौरान जेपी नड्डा को 2019 के लोकसभा चुनाव में राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण राज्य उत्तर प्रदेश में बीजेपी के चुनाव अभियान का प्रभारी बनाया था, जहां पार्टी को समाजवादी पार्टी और बहुजन समाजवादी पार्टी के महागठबंधन से कड़ी चुनौती थी। बीजेपी ने उत्तर प्रदेश में 80 लोकसभा सीटों में से 62 पर जीत दर्ज की। गौरतलब है की जब 2014 में केंद्र में भाजपा की सरकार बनी थी तो उस समय अमित शाह राज्य के प्रभारी हुआ करते थे और उन्होंने राज्य में भाजपा को जीत दिलाई थी तथा बाद में उन्हें पार्टी का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था। इस बार इतिहास एक बार फिर से दोहराया गया, जेपी नड्डा ने अपने दम पर उत्तर प्रदेश में भाजपा को बड़ी जीत दिलाई है और अब वे पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने हैं।