ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स में भारत की 5 पायदान की छलांग

Global Innovation Index

बुधवार को जारी एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत ने 2019 में वैश्विक नवाचार सूचकांक में अपनी रैंकिंग में सुधार करते हुए 57 वें से 52 वें स्थान पर पहुंच गया। वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने नई दिल्ली में ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स (जीआईआई) 2019 जारी किया। इसमें दुनिया भर के 129 देशों और अर्थव्यवस्थाओं के नवाचार प्रदर्शन को स्थान दिया गया।

वर्तमान रैंकिंग जीआईआई का बारहवाँ संस्करण था और रैंकिंग 80 संकेतकों पर आधारित थीं, जिसमें पारंपरिक माप जैसे अनुसंधान और विकास, निवेश और अंतर्राष्ट्रीय पेटेंट और ट्रेडमार्क एप्लिकेशन से लेकर नए संकेतक मोबाइल फ़ोन-एप्प निर्माण और उच्च-तकनीकी निर्यात शामिल थे।

रिपोर्ट में कहा गया है कि आर्थिक विकास की गति धीमी होने के बावजूद, विशेष रूप से एशिया में नवाचार जारी है, लेकिन व्यापार में व्यवधान और संरक्षणवाद से दबाव बढ़ रहा है। रिपोर्ट में कहा गया है कि नवाचार के लिए साउंड गवर्नमेंट प्लानिंग सफलता के लिए महत्वपूर्ण है।
GII 2019 रिपोर्ट को इस साल भारत में लॉन्च किया गया था। नरेश प्रसाद, सहायक महानिदेशक और चीफ ऑफ स्टाफ, डब्ल्यूआईपीओ ने कहा की भारत मध्य और दक्षिण एशियाई क्षेत्र में सबसे नवीन अर्थव्यवस्था के रूप में उभरा है। यह दुनिया की प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं में सबसे बड़ा उदय है|

जीआईआई 2019 में भारत के प्रदर्शन के संदर्भ में, यहां कुछ अपडेट दिए गए हैं:

• भारत की रैंक में सुधार हुआ है क्योंकि यह 2019 में 52 वें स्थान पर पहुंच गया है।
• भारत 2018 में 57 वें स्थान पर था।
• नवाचार और नव-उभरती प्रौद्योगिकियों के संदर्भ में भारत अच्छा प्रदर्शन कर रहा है!
• 2015 के बाद से वैश्विक सूचकांक में 29 स्थानों पर अपनी स्थिति में सुधार किया है।
• 2015 में भारत 81 वें स्थान पर था, जो 2016 में 66, 2017 में 60 और 2018 में 57 पर पहुंच गया।
• रिपोर्ट कहती है कि भारत मध्य और दक्षिणी एशिया में सबसे नवीन अर्थव्यवस्था बना हुआ है।

वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने कहा, “भारत में ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स का 2019 लॉन्च एक महत्वपूर्ण घटना है और हाल के वर्षों में नवाचार के लिए भारत सरकार प्रतिबद्ध है।”

आपको यहाँ बता दें की स्विट्जरलैंड ने सूचकांक में अपना नंबर-एक स्थान बरकरार रखा। शीर्ष 10 में अन्य अर्थव्यवस्थाएं हैं: स्वीडन, अमेरिका, नीदरलैंड, यूके, फिनलैंड, डेनमार्क, सिंगापुर, जर्मनी और इजरायल।