भारत जापान में हुए 6 समझौते, 3.2 लाख करोड़ रूपये का जापान करेगा देश में निवेश

भारत जापान की दोस्ती वैसे तो युगों पुरानी है और वक्त के साथ साथ ये और ज्यादा गहरी होती जा रही है। इसकी एक बानगी जापान पीएम फुमियो किशिदा के भारत के दौरान देखी गई। पीएम मोदी और पीएम फुमियो किशिदा के बीच काफी गर्मजोशी के साथ मुलाकात हुई। इस बीच जापान ने भारत में करीब 3.2 लाख करोड़ रूपये का निवेश योजना का ऐलान किया।

जापान की भारत में निवेश की बड़ी योजना

भारत और जापान ने आज 6 समझौतों पर हस्ताक्षर किये हैं। इन समझौतों में साइबर सिक्योरिटी, शहरी विकास, वेस्ट वाटर मैनेजमेंट आदि शामिल हैं। इसके अलावा भारत जापान कॉम्प्रिहेन्सिव इकोनॉमिक पार्टनरशिप एग्रीमेंट के जरूरी बदलावों पर बात हुई वहीं भारत जापान कम्पटिटिवनेस पार्टनरशिप के लिये एक रोडमैप भी तैयार किया गया। जापान ने उत्तर पूर्वी क्षेत्रों के लिये विकास पहल का भी ऐलान किया है। इसके साथ ही दोनो पक्ष एक खास क्लीन एनर्जी पार्टनरशिप स्थापित करने पर भी सहमत हुए हैं। ये पार्टनरशिप इलेक्ट्रिक व्हीकल, बैटरी सहित स्टोरेज सिस्टम चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और हाइड्रोजन पर फोकस करेगी। यहां ये भी बताया गया कि 5 सालों के भीतर जापान 3.2 लाख करोड़ रूपये का निवेश करेगा। इसके साथ क्लीन एनर्जी पार्टनशिप की भी शुरूआत दोनो देशों में होगी।

दोनो नेताओं ने एक स्वर में बोला भारत जापान पक्के दोस्त

भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि विकास और सहयोगी भारत और जापान के संबंधों का आधार है, और भारत देश में मौजूद सभी जापानी कंपनियों को हर संभव सहायता देने के लिये प्रतिबद्ध है। इसके साथ ही उन्होने कहा कि भारत और जापान समझते हैं कि विकास के लिये ऊर्जा के स्थाई स्रोत कितने अहम हैं और ये जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिये बेहद जरूरी भी हैं उन्होने कहा कि भारत और जापान के बीच आर्थिक साझेदारी बढ़ी है और जापान भारत में सबसे बड़े निवेशकों में से एक है वहीं जापान के प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत जापान का एक महत्वपूर्ण भागीदार है। उन्होने जानकारी दी कि दोनों देशों के बीच साइबर सुरक्षा में सहयोग को लेकर समझौता हुआ है इसके साथ ही जापान के प्रधानमंत्री ने टोक्यो में क्वाड शिखर सम्मेलन की बैठक के लिए प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी को आमंत्रित भी किया जिसे पीएम मोदी ने स्वीकारा।

भारत में जापान के इस निवेश से देश में एक तरफ रोजगार बढ़ेगा तो दूसरी तरफ देश के विकास में मील का पत्थर साबित होगा।