राज्यसभा में गृहमंत्री अमित शाह बोले : पुरे देश में लागू करेंगे NRC

राज्यसभा में बोले अमित शाह

राज्यसभा में आज गृहमंत्री अमित शाह ने राष्ट्रीय नागरिकता रजिस्टर (एनआरसी) मुद्दे पर विपक्ष के आरोपों पर जवाब दिया। उन्होंने धर्म के आधार पर एनआरसी में भेदभाव किए जाने की आशंका को खारिज किया। गृहमंत्री ने कहा कि एनआरसी के आधार पर नागरिकता की पहचान सुनिश्चित की जाएगी और इसे पूरे देश में लागू करेंगे। उन्होंने कहा कि किसी भी धर्म विशेष के लोगों को इसके कारण डरने की जरूरत नहीं है। यह एक प्रक्रिया है जिससे देश के सभी नागरिक एनआरसी लिस्ट में शामिल हो सकें। उल्लेखनीय है कि एनआरसी फिलहाल असम में लागू हुआ है।

गृहमंत्री ने कहा, एनआरसी में धर्म विशेष के आधार पर भेदभाव नहीं होगा। सभी नागरिक भले ही उनका धर्म कुछ भी हो, एनआरसी लिस्ट में शामिल हो सकते हैं। एनआरसी को पूरे देश में लागू किया जाएगा ताकि भारत के सभी नागरिक एनआरसी लिस्ट में शामिल हो सकें। केंद्रीय गृह मंत्री ने जोर देकर कहा कि NRC नागरिकता संशोधन विधेयक से अलग है।

बता दें कि कांग्रेस सांसद सैयद नासिर हुसैन ने राज्यसभा में कोलकाता में दिए अमित शाह के बयान के आधार पर सवाल पूछा था। जिसका जवाब देते हुए गृहमंत्री ने उक्त बातें कही।

सरकार अब नये सिरे से नागरिकता संशोधन विधेयक को मंत्रिमंडल की मंजूरी प्राप्त करने के बाद संसद में पेश करेगी। शाह ने कहा कि असम में गैरकानूनी शरणार्थियों की समस्या से निपटने के लिये उच्चतम न्यायालय के आदेश पर एनआरसी कानून बना कर लागू किया गया है। असम की नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटिजंस (NRC) की फाइनल लिस्ट 31 अगस्त को जारी की गई। इस लिस्ट में 19 लाख से ज्यादा लोगों को बाहर रखा गया है।

गौरतलब है कि संसद के शीतकालीन सत्र की शुरूआत सोमवार को हुई और पहले दो दिन सदन में प्रश्नकाल के दौरान विभिन्न मुद्दों पर हंगामा हुआ।