सात करोड़ किसानों को सम्मान राशि दिलाने के लिए चुनाव आयोग गयी मोदी सरकार

  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •  

kisan_samman_nidhi_yojna

जब से नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भाजपा की सरकार बनी है, तभी से यह सरकार किसानों को लेकर काफी गंभीर है| मोदी सरकार किसानी को फायदेमंद बनाने के लिए हर मुमकिन कोशिश कर रही है| चूँकि आर्थिक सर्वेक्षण 2017-18 के अनुसार कृषि क्षेत्र में सबसे अधिक यानी लगभग 49 फीसदी लोगो को रोजगार हासिल है और कृषि के सहारे देश के 70 फीसदी आबादी को जीविका चलने में मदद मिलती है| तो ऐसे में सवाल यह उठता है कि, किसान किसानी ना करे तो क्या करे? इतनी बड़ी संख्या में कहाँ जाए? और इसी सवाल को मोदी सरकार बखूभी समझती है|

सरकार को पता है की बिना स्थायी समाधान के किसानो की समस्या बनी ही रहेगी| यही वजह है की मोदी सरकार किसानो के समस्याओ को लेकर स्थायी निराकरण खोजने के क्षेत्र में अग्रसर है और इस क्षेत्र में सरकार ने किसान सम्मान राशी, किसानो के आय को दोगुना करने का लक्ष्य समेत कई अहम् कदम भी उठाये है|

लेकिन अब केंद्र की मोदी सरकार द्वारा किसानो को दिए जाने वाले नकद सम्मान राशी योजना के आड़े देश की चुनावी आचार संहिता आ गयी है| गौरतलब है की प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना इस सरकार के कार्यकाल में किसानो के लिए सबसे अहम् योजना है| जिसकी औपचारिक शुरुआत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 फरवरी को यूपी के गोरखपुर से की थी| उस वक़्त देश के सभी राज्यों के करीब दो करोड़ किसानों को पहली किस्त के रूप में 2000-2000 हजार रुपए ट्रांसफर किए गए थे।

योजना के तहत लघु एवं सीमांत किसान परिवार के ऐसे परिवारों को शामिल किया गया है, जिनमें पति-पत्नी और 18 वर्ष तक की उम्र के नाबालिग बच्चे हों और ये सभी सामूहिक रूप से दो हेक्टेयर यानी करीब 5 एकड़ तक की जमीन पर खेती करते हों| यानी पति-पत्नी और बच्चों को एक इकाई माना जाएगा| लेकिन आचार संहिता के आड़े आने से योजना के तहत दी जाने वाली 6000 रूपये की सम्मान राशी देश के करीब सवा सात करोड़ किसानो को मिलेगी की नहीं, इसका फैसला चुनाव आयोग करेगा|

PM-Kisan-Samman-nidhi-yojana

लेकिन अब इस मुद्दे को लेकर कृषि मंत्रालय चुनाव आयोग का दरवाजा खटखटा चुकी है| इतने संख्या में यह वो किसान है जो इस योजना का लाभ पाने के लिए तो योग्य है| लेकिन उन्होंने किसी वजह से अब तक रजिस्ट्रेशन या वेरिफिकेशन नहीं करवाया है| मोदी सरकार इस मसले पर चुनाव आयोग के फैसले का इंतजार कर रही है| इसके इतर जिन किसानो को पहली क़िस्त की राशी मिल गयी है| अब सरकार इन किसानों को दूसरी किस्त के 2000-2000 रुपए जारी करने की तैयारी कर रही है। हालाँकि जिन किसानों को पहली किस्त के 2000 रुपए नहीं मिले हैं उन्हें दूसरी किस्त के साथ पहली किस्त के 2000 रुपए भी मिलेंगे। दिए जाने वाले दुसरे क़िस्त को लेकर कृषि मंत्रालय का कहना है कि इन 4.75 करोड़ किसानों को दूसरी किस्त भेजने में आचार संहिता का कोई असर नहीं पड़ेगा।

सरकार का मकसद इस योजना के साथ वैसे अधिक से अधिक किसानो को जोड़ना है, जो इसे पाने के लिए योग्य हो| यही वजह है की ज्यादा से ज्यादा किसानों को लाभ पहुंचाने के लिए योजना के तहत रजिस्ट्रेशन अभी भी जारी हैं। और एक मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक अब तक करीब करीब 4.75 करोड़ किसानों का रजिस्ट्रेशन हो चुका है और आंकड़ो में लगातार वृद्धि दर्ज की जा रही है|


  •  
  •  
  •  
  •  
  •  
  •