भारत की डेमोक्रेसी पर सवाल खड़े करने वाले अंतरराष्ट्रीय देश हिपोक्रेट हैं- एस जयशंकर

स जयशंकर ने कहा, कई लोग कहते हैं हम हिंदू राष्ट्रवादी हैं, हां हैं हम राष्ट्रवादी लेकिन हाथ में किसी धर्म की पुस्तक लिए शपथ नहीं लेते.

विदेश मंत्री एसजयशंकर (S Jaishankar) ने भारत की आलोचना करने वालों को हिपोक्रेट बताया है और कहा है कि देश की लोकतंत्र की स्थिति पर हमें किसी से सर्टिफिकेट नहीं चाहिए. उनसे इंडिया टुडे के कॉन्कलेव में एक सवाल पूछा गया था जिसका जवाब देते हुए उन्होंने ये बात कही.

एस जयशंकर ने कहा कि कई हालिया अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट्स में ये कहा गया है कि पीएम नरेंद्र मोदी के सत्ता में आने के बाद से भारत में लोकतंत्र कमजोर हुआ है. क्या ये भारत की छवि के लिए चुनौती है. इसका जवाब देते हुए एस जयशंकर ने कहा कि जिन अंतरराष्ट्रीय रिपोर्ट्स की आप बात कर रहे हैं उनमें डेमोक्रेसी और ऑटोक्रेसी की बात की गई है, लेकिन ये बात डेमोक्रेसी या ऑटोक्रेसी की नहीं, बल्कि हिपोक्रेसी की है. उन्होंने ये भी कहा कि ऐसे लोगों के पेट में तब दर्द होता है जब इनके हिसाब से चीजें नहीं होती.

एस जयशंकर ने आगे कहा, ऐसे लोगों ने खुद को दुनिया का संरक्षक बना लिया है और कुछ नियुक्तियां कर दी है. ये लोग इस बात को जानकर परेशान होते हैं कि कोई है भारत में जो इनके अप्रूवल का इंतजार नहीं कर रहा और उनके ही बनाए खेल को उनके हिसाब से नहीं खेल रहा. ऐसे लोग अपने हिसाब से फैसले सुनाते रहते हैं.

डॉ एस जयशंकर ने आगे कहा, कई लोग कहते हैं हम हिंदू राष्ट्रवादी हैं, हां हैं हम राष्ट्रवादी लेकिन हाथ में किसी धर्म की पुस्तक लिए शपथ नहीं लेते. उन्होंने कहा, हमने 70 देशों को कोविड की वैक्सीन दी है, मुझे बताइए कि ऐसा और कितने देशों ने किया है. कितने देशों ने ऐसा कहा है कि वैक्सीन की जितनी जरूरत हमारे देश के लोगों को हैं, उतनी ही जरूरत बाकी देश के लोगों को भी है. तब ये कहां चले जाते हैं. हमे देश की लोकतंत्र की स्थिति पर किसी से सर्टिफिकेट लेने की जरूरत नहीं है, खास तौर से उन लोगों से साफ तौर पर एक एजेंडा चला रहे हैं.

 

Published on: Tv9