‘हलवा सेरेमनी’ संपन्न होने के साथ ही बजट छपाई का काम शुरू

Halwa Ceremony

आज नॉर्थ ब्लॉक स्थित वित्त मंत्रालय में बजट से पहले होने वाला हलवा सेरेमनी का आयोजन संपन्न हो गया । इस समारोह में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण, वित्त राज्य मंत्री अनुराग ठाकुर समेत वित्त मंत्रालय के कई अधिकारी मौजूद रहे। हलवा तैयार होने के बाद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने समारोह में मौजूद लोगों का हलवा का वितरण किया। इसके साथ ही अब बजट से जुड़े सभी अधिकारी और कर्मचारी इस 2020-21 के वित्तीय बजट के छपाई के काम में जुट जाएंगे। बताते चलें कि बतौर केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण दूसरी बार बजट पेश करेंगी।

आज से शुरू हो जाएगी बजट की छपाई

बजट की छपाई शुरू होने से पहले हर साल इस हलवा सेरेमनी का आयोजन किया जाता है। इसके साथ ही बजट की छपाई का कार्य औपचारिक रूप से शुरू हो जाता है। इस बार वित्त वर्ष 2020-21 का आम बजट 1 फरवरी 2020 को पेश किया जाएगा। हलवा बनने के बाद से मंत्रालय के 50 से अधिक लोग बजट बनाने में दिन-रात लग जाते हैं। बजट पेश होने से लगभग एक सप्ताह पहले से तो इन लोगों को 24 घंटे नॉर्थ ब्लॉक में ही गुजारना पड़ता है। एक बार बेसमेंट में स्थित कार्यालय में चले जाने के बाद वित्त मंत्री द्वारा लोकसभा में बजट पेश करने के बाद ही इन्हें नॉर्थ ब्लॉक से बाहर जाने की इजाजत मिलती है।वित्त मंत्री द्वारा बजट पेश किए जाने तक ये कर्मचारी अपने परिवार से फोन पर भी संपर्क नहीं कर सकते। इस रस्म के बाद वित्त मंत्रालय के सिर्फ अति वरिष्ठ् अधिकारियों को ही अपने घर जाने की अनुमति मिलती है।

ceremonial distribution of 'halwa'

इस बार हलवा सेरेमनी बजट से 10 दिन पहले हो रही है। बजट निर्माण में शामिल लोगों को सुबह शाम का पता नहीं होता। ये सभी घर-परिवार दुनिया से दूर देश का बजट छाप रहे होते हैं। अमूमन यह काम वित्त मंत्रालय के बेसमेंट में होता है। पिछले कई सालों से बजट छापने का काम यही होता है। इसलिए बेसमेंट की सुरक्षा सीमा की सुरक्षा जैसी दिखने लगती है। वर्ष 1980 से नार्थ ब्लाक के बेसमेंट में बजट छापने का काम किया जा रहा है।

क्यों होता है हलवा सेरेमनी?

 Budget printing work begins with the completion of 'Halwa Ceremony'

दरअसल बजट तैयार करने की प्रक्रिया बेहद जटिल और तनाव भरा होता है। ऐसे में सरकार इसकी शुरुआत थोड़े हल्के-फुल्के माहौल के बीच करती है। ताकि सभी अधिकारी और कर्मचारी के बिच तनावमुक्त माहौल बनाया जा सके। इस हलवा रस्म में एक बड़ी कढ़ाही में हलावा तैयार किया जाता है। इस हलवे को मंत्रालय के सभी कर्मचारियों के बीच वितरित किया जाता है। हलवा खाने के बाद सभी कर्मचारी बजट प्रक्रिया के काम मे लग जाते हैं। काम काफी तनाव भरा भी होता है क्योंकि इस दौरान चौबीसों घंटे इन कर्मचारियों को वित्त मंत्रालय के भीतर ही रहना होता है।

क्यों किया जाता है कमरे में बंद

बजट छपाई के दौरान मसौदे की प्रिंटिंग होती है। इस दौरान उन्हें अगले वित्तीय वर्ष के लिए सरकार द्वारा लिए जाने वाले सभी सरकारी फैसलों की जानकारी होती है। ऐसे में अगर वो किसी भी बाहरी व्यक्ति से संपर्क करेंगे, तो वो सरकार की नीतियों का फायदा उठा सकते हैं।

मान लीजिए किसी महत्वपूर्ण वस्तु का दाम बढ़ने वाला है और कर्मचारी ने यह बात किसी परिचित को बता दी। जिससे इसकी कालाबाजारी करने के लिए जमाखोरी करने की सम्भावना होती है, जिससे कि वस्तु महंगा होने पर ज्यादा फायदा कमाया जा सके।

यानी कि कर्मचारी, सरकारी जानकारी का अपने निजी हित के लिए फायदा उठा सकता है। इसलिए सभी कर्मचारियों को हलवा रस्म के साथ कमरे में तब तक बंद रहना पड़ता है जब तक कि बजट लोगों के सामने न आ जाए।