अब आपात अधिकार के तहत तीनो सेनाओ को मिली हथियार खरीदने की छुट

पुलवामा आतंकी हमले के बाद सरकार ने पाकिस्तानी से सटे सीमाओं पर रक्षा की तैयारियों को पहले से भी अधिक मजबूत करने के लिए सेना के तीनों अंगों को हथियार और सैन्य हार्डवेयर खरीदने के लिए आपात अधिकार दे दिए हैं।

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पुलवामा आतंकी हमले के बाद से ही सरकार ने पाकिस्तान से लगे सीमओं पर चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्थाओ के इंतजामात करने की कवायद शुरू कर दी थी| कई मीडिया रिपोर्ट के हवाले से मंगलवार को सरकारी सूत्रों द्वारा मिली जानकारी के अनुसार अब इसी सिलसिले को जारी रखते हुए सरकार ने सेना के तीनों अंगों को हथियार और सैन्य हार्डवेयर खरीदने के लिए आपात अधिकार दिए हैं।

इसके साथ ही सरकार ने कुछ नियमो को भी आसान बनाया है, जो रक्षा खरीद से जुड़ा है| अब सेना के तीनो अंगो को हथियार और अन्य उपकरण एक ही वेंडर से खरीदने की इजाजत दे दी गई है। जिससे रक्षा खरीद से जुड़ा मसला और आसान हो जायेगा|

गौरतलब है की पिछले साल मार्च महीने में रक्षा मंत्रालय द्वारा तीनों सेना के उप प्रमुखों को अतिरिक्त वित्तीय अधिकार दिए गए थे। जिसमे ऑपरेशन संबंधी तैयारी के लिए उन्हें 100 करोड़ रुपये से बढ़ाकर 500 करोड़ रुपये तक के गोला-बारूद खरीदने का अधिकार दिया गया था।

सरकार ने अब पाकिस्तानी की किसी भी हिमाकत का जवाब देने के लिए सेना के तीनो ही अंगो (थल सेना, वायु सेना और नौ सेना) को अहम हथियार और उपकरण खरीदने के अधिकार दिए हैं। जिससे अब सेना के तीनों अंग 300 करोड़ रुपये के प्रत्येक प्रस्ताव को मंजूरी दे सकेंगे।

मालूम हो कि इसी साल फरवरी महीने में पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन जैश ए मुहम्मद ने पुलवामा में आतंकी हमला किया था, जिसमें सीआरपीएफ के 40 जवान शहीद हो गए थे। जिसके बाद भारतीय वायुसेना ने जवाबी कारवाई में पाकिस्तान के बालाकोट में एयरस्ट्राइक कर जैश के आतंकी ठिकाने को नेस्तनाबूत कर दिया था|

भारतीय सेना द्वारा जवाबी करवाई में हुए एयरस्ट्राइक के बाद पाकिस्तान ने भी हवाई हमला करने का दुस्साहस किया था। लेकिन भारतीय वायु सेना के जाबांजो ने उसके एक एफ -16 विमान को मार गिराया था। हालाँकि, पाकिस्तानी लड़ाकू विमानों को खदेड़ते समय भारतीय वायु सेना का मिग 21 गिर गया था। जिसके वजह से पाकिस्तान ने भारतीय पायलट अभिनंदन वर्तमान को बंदी बना लिया था। लेकिन यह भारत के कुटनीतिक दबाव का ही परिणाम था कि पाकिस्तान को भारत के विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान की सकुशल रिहाई दो दिन में ही करनी पड़ी थी|