जानिये कैसे किसानों के दिन बहुर रहे हैं

भगवान के बाद अगर कोई विधाता हैं तो वो हैं हमारे किसान यानी की अन्नदाता.. जो धरती को चीर कर हमारे लिये अनाज पैदा करता है। और हमारे पेट को भरता हैं। किसान अपनी फसल की देखरेख किसी नवजात शिशु की ही तरह करता है।

किसान

आजादी से लेकर अभी तक किसान के जीवन में बदलाव की बयार भी आई है. लेकिन अब उनके सपनों को पंख लग गये हैं और वो हर दिन उड़ने के लिये भी तैयार हैं. और ये सब हुआ है सरकार की सोच और किसानों के हित में बनी योजनाओ के चलते.

आज किसानों को अपनी फसल का उचित मुल्य मिले इसके लिये मोदी सरकार ने न्यूनतम समर्थन मूल्य में अभी तक की सबसे बढ़ी बढ़ोत्तरी की गई है। 14 फसलों मे करीब करीब डेढ़ गुना दाम बढ़ाया गया है जिससे किसानों के हाथ और मजबूत होI

कहते हैं कि अगर किसान की फसल को अच्छा पानी मिल जाये तो फिर बात ही निराली होती है। इसी को ध्यान में रख कर प्रधानमंत्री सिंचाई योजना के तहत किसानों के लिये कई सुविधा मुहैया करवाई जा रही है।

मसलन पहली बार ‘पर ड्रॉप, मोर क्रॉप’ का नारा दिया गया है. इसके लिये मोदी सरकार ने 50 हजार करोड़ रूपये का फंड अलग से रखा है। साथ ही साथ इसे और हाईटेक करने के लिये सौर जल पंप की भी सहायता किसानों को सरकार दे रही है।

पहले यूरिया को लेकर किसान परेशान रहते थे लेकिन मोदी सरकार की नई यूरिया नीति का ही परिणाम है कि आज यूरिया पहले से ज्यादा आसानी से मिलती है वहीँ नीम कोटिंग केफसल को कीड़े मकौड़े के खाने से बचाती है और खेत की जमीन भी बढ़िया बनी रहती है।

फसल बीमा योजना ने किसानों की फ्रिक कम की है और ई नाम योजना के तहत अब घर बैठे ही मंड़ी उनके घर तक पहुंची है। सरकार ने 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य भी रखा है। इसके लिये किसानों से किसानी के साथ साथ दूध उत्पादन, मछली पालन के बारे में भी बताया जा रहा है।

यानी अब हमारे देश का किसान भी प्रगति की ओर चल चुका है। कहते हैं न कि जिस देश का किसान मजबूत होता है वो देश भी खूब आगे बढ़ता है। इसीलिये अब तेजी के साथ हमारा देश ‘न्यू इंडिया’ में तब्दील हो रहा है।