दुनिया में आत्मनिर्भर भारत की छवि की दिखने लगी झलक

मोदी जी के पिछले 6 साल में नये भारत की तस्वीर ऐसी बन रही है कि आज हर भारतीय को गर्व होगा। खासकर कोरोना काल के वक्त मोदी जी की सोच के चलते ही भारत ने ऐसे ऐसे काम किये कि दुनिया मोदी और भारत की प्रतिभा का लोहा मानने लगी है। हमारे वैज्ञानिको ने कोरोना वैक्सीन बनाकर दिखा दिया है कि नया भारत पूरी तरह से आत्मनिर्भर बन रहा है और इस नये भारत पर दुनिया कुछ इस तरह विश्वास भी कर रही है कि ब्राजील के राष्ट्रपति कोरोना वैक्सीन के लिए मोदी जी से गुहार लगा रहे है।

मोदी जी से कोरोना वैक्सीन के लिये ब्राजील पीएम की गुहार
भारत में बनी दो स्वदेशी वैक्सीन के आपात इस्तेमाल के लिए मंजूरी मिलने के बाद देश में जल्द कोविड टीकाकरण अभियान शुरू होने वाला है। इस बीच ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोलसोनारो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिख जल्द से जल्द कोविड वैक्सीन भेजने का अनुरोध किया है। दुनिया में कोरोना से प्रभावित देशों की सूची में ब्राजील दूसरे स्थान पर है, ब्राजील के राष्ट्रपति ने प्रधानमंत्री मोदी को लिखे पत्र में कहा है कि मैं भारतीय टीकाकरण कार्यक्रम पर बिना कोई आंच आए हमारे राष्ट्रीय टीकाकरण कार्यक्रम को तत्काल कार्यान्वयन के लिए 20 लाख वैक्सीन डोज की आपूर्ति करने की अपील करता हूं। बोलसोनारो ने प्रधानमंत्री मोदी को यह संदेश ऐसे वक्त में भेजा है, जब एक दिन पहले ही ब्राजील सरकार द्वारा संचालित फियोक्रूज बॉयोमेडिकल सेंटर ने कहा था कि ब्राजील में एस्ट्राजेनेका की लाखों डोज इस महीने के अंत से पहले शायद नहीं पहुंच पाएंगी। फियोक्रूज ने कहा है कि वह वैक्सीन की डोज के लिए बातचीत कर रहा है। इसमें भारत से मंगाई जाने वाली 20 लाख डोज प्रमुख है। इसके पहले फियोक्रूज ने भारत से पहुंचने वाली एस्ट्राजेनेका वैक्सीन को आपात उपयोग की अनुमति देने की अपील की थी।

कोरोना काल में दवा भेजकर मोदी बने थे संकटमोचन
विश्व में जब कोरोना के लते लगातार समूचा विश्व परेशान था उस वक्त भी समूची दुनिया में मानवता की रक्षा के लिए भारत आगे आया था और मोदी सरकार की कुशल नीति का ही असर था कि देश में क्लोरोक्वीन टैबलेट की मांग पूरी करने के बाद सरकार ने इसे दूसरे देशों में भी भेजा। सरकारी ऑकड़े बताते है कि भारत ने 250 देशों को ये दवा पहुंचाई जिसमे ब्राजील भी शामिल था। दवा मिल जाने के बाद ब्राजील के राष्ट्रपति ने तो पीएम मोदी की तुलना भगवान हनुमान से कर दी थी और उन्होने बोला था कि मोदी जी ने भी संकटमोटन की तरह संजीवनी को हमारे देश भेजा है।

वैसे भी इसमे कोई शक की बात नही है जब जब दुनिया में मानवता पर कोई खतरा आया है भारत सबसे पहले आगे आकर इस खतरे से मुकाबला करता हुआ पाया गया है और इसी लिये भारत का लोहा आज विश्व मान रहा है और ये सब हुआ है मोदी जी के कुशल नेतृत्व के चलते…