जनधन और गरीबों का 7 सालों का साथ, दे रहा उनको आत्मसम्मान!

गरीबों में आर्थिक तौर पर विश्वास पैदा करने वाली योजना जनधन योजना का आज 7 साल पूरे हो गये है। इस योजना ने देश के करोड़ो करीबों को बैंक से जोड़ा ही नहीं बल्कि समाजिक तौर पर सम्मान से जीने का अधिकार भी दिया तो वही बैंकिंग सेक्टर में इसके दूरगामी नतीजे भी देखे जा रहे है। आज इस एक योजना से जहां भ्रष्ट्राचार पर नकेल कसी है तो गरीबों को आर्थिक तौर पर मजबूत भी किया है तभी तो हर दिन इस योजना से हजारों लोग देश में जुड़ रहे है।

जनधन योजना से आर्थिक तौर पर आगे बढ़ता भारत

जब लालकिले से पीएम मोदी ने इस योजना का ऐलान किया था तो देश में कुछ लोग इसपर सवाल खड़ा करते थे और बोलते थे कि ये योजना से आम लोगों का क्या फायदा होगा। लेकिन जैसे जैसे इस योजना से आम लोग जुड़े, खुद बा खुद इस योजना के फायदे लोगों के सामने आने लगे, आज ज्यादा से ज्यादा सरकारी योजनाओं का पैसा गरीबों के इसी खाते में आता है। अब आप सोचिये इस खाते के खुलने के बाद देश में भ्रष्टाचार पर नकेल कसी गई है।  इतना ही नही देश में करीब 43.04 करोड़ जनधन खाते खुले है जिसमें 55 फीसदी महिलाओं ने खाते खोले है। यानी अब उन महिलाओं का पैसा पूरी तरह से हिफाजत से रखा हुआ है जो पहले घर पर कही न कही पैसा छुपाकर रखती थी और कई बार वो पैसा वक्त में मिलता नही था और मिलता था तो खराब हो चुका होता था लेकिन आज ना केवल पैसा तुरंत मिलता है बल्कि उसपर ब्याज भी दिया जाता है। यही वजह है कि जनधन में खाता खुलवाने वालों के 86 फीसदी खातों में लगातार लेन देन देखा जा रहा है। 31.23 करोड़ ग्राहको को इस खाते के दौरान रूपे कार्ड भी दिया गया है जिसके चले आज देश का ज्यादातर नागरिक एटीएम और नेट बैंकिंग को समझ चुका है और उस पर काम कर रहा है। दूसरी ओर बैंक को भी इस योजना से पहले दिन से ही फायदा हो रहा है क्योंकि इससे सरकार के बाद करीब 1.4 लाख करोड़ रूपये कि राशि इन खातो में जमा है जिससे देश का आर्थिक विकास तेजी से किया जा रहा है।

Modi's Jan Dhan Yojana reaches new height; 40 crore bank accounts added  under PMJDY in 6 years - The Financial Express

देश में जनधन खातों के चलते पारदर्शिता भी बढ़ी- मोदी

पीएम मोदी ने जन धन योजना के सात साल पूरे होने के मौके पर उन लोगों की सराहना की है, जो लोग इस योजना को सफल बनाने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। पीएम मोदी ने योजना को पारदर्शिता को बढ़ाने वाला बताया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट के जरिए कहा है कि आज हम पीएम जन धन के सात साल पूरे कर रहे हैं, एक ऐसी पहल जिसने भारत के विकास के रास्ते को हमेशा के लिए बदल दिया है। जन धन योजना ने अनगिनत भारतीयों के लिए वित्तीय समावेशन और गरिमापूर्ण जीवन के साथ-साथ सशक्तिकरण सुनिश्चित किया है। भारत के लोग जीवन की बेहतर गुणवत्ता का नेतृत्व करें जिससे वो आत्मनिर्भर हो सके तो सम्मान से देश में जी सके।

वैसे भी इस योजना ने गरीब को एक पहचान तो जरूर दी है और उसे बैंक में जाने की झिझक भी खोल दी है जिसका असर ये देखा जा रहा है कि साहूकार और सूदखोर जैसे लोगो का नये भारत में खात्मा हो चुका है।